जयशंकर ने हिंद महासागर के कई देशों के विदेश मंत्रियों की मौजूदगी में कहा, ‘यह आवश्यक है कि नौवहन सुरक्षित और निर्बाध बना रहे. यहां प्रासंगिक बात यह है कि हम सभी ने इस संघर्ष के आर्थिक प्रभाव को बहुत गहराई से महसूस किया है.’ जयशंकर ने कहा कि जब ऊर्जा महंगी होती है, तो इसका पूरे समाज पर व्यापक प्रभाव पड़ता है. होर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों के आवागमन में व्यवधान को लेकर वैश्विक स्तर पर चिंताएं बढ़ रही हैं. हालांकि, ईरान ने अपने मित्र देशों के जहाजों को जलमार्ग से गुजरने की अनुमति दी है.