बंगाल में 1950 के पशु वध कानून को सख्ती से लागू किए जाने से सांकराइल के खटाल मालिक आर्थिक संकट में आ गए हैं. बकरीद से पहले पशु बेचने की परंपरा पर रोक लगने से खरीदार अग्रिम राशि वापस मांग रहे हैं. पशुपालकों ने मुख्यमंत्री से इस वर्ष राहत देने की मांग की है. प्रशासन ने कहा कि प्रक्रिया पूरी तरह कानून के अनुसार ही चलेगी.