तृणमूल कांग्रेस का संकट अब केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि संवैधानिक लड़ाई का रूप ले चुका है. एक तरफ ममता बनर्जी का गुट है, दूसरी ओर बागी विधायक और सांसद. सवाल यह है कि असली TMC कौन है, पार्टी के सिंबल पर किसका हक होगा और क्या दल-बदल कानून बागियों को बचा पाएगा?