बेगम अख़्तर की जिंदगी में वो एक दौर भी आया जब शादी के बाद उनके शौहर ने गाना ही मना कर दिया. सुरों की मलिका अचानक खामोश हो गईं. पूरे आठ सालों के लिए, मगर किस्मत ने उनके लिए एक और रास्ता चुनकर रखा था. लखनऊ AIR के डायरेक्टर ने उनकी आवाज को चुपके से रिकॉर्ड किया और वो गजल बन गई यादगार…
