सुप्रीम कोर्ट ने एक महिला द्वारा तलाक से मुकरने पर सख्त रुख अपनाते हुए 23 साल पुरानी शादी खत्म कर दी. महिला ने लिखित समझौते के बाहर ₹170 करोड़ के सोने का दावा करते हुए सहमति वापस ली थी. कोर्ट ने इसे न्यायिक प्रक्रिया का अपमान और टैक्स चोरी की साजिश बताते हुए फटकार लगाई. अनुच्छेद 142 का उपयोग कर कोर्ट ने शादी भंग की और महिला का घरेलू हिंसा केस भी खारिज कर दिया.
