मानव कौल और विनोद कुमार शुक्ल | Manav Kaul Interview About Vinod Kumar Shukla
सरल शब्दों में गहराई रच देने वाले, भारतीय साहित्य को मानवीय संवेदना से समृद्ध करने वाले महान भारतीय लेखक विनोद कुमार शुक्ला अब हमारे बीच नहीं रहे। उनकी लेखनी ने बचपन, स्मृति, स्थानीयता और जीवन की छोटी-छोटी सच्चाइयों को इतनी सादगी और संवेदनशीलता से दर्ज किया कि वह हमेशा हमारी स्मृतियों में जीवित रहेंगी उनके … Read more
