साहित्य आजतक के मंच पर कविताओं का शौर्य… दुश्मन पर बारूद बनकर बरसे शब्द November 22, 2025 by A K Geherwal साहित्य आजतक 2025 की पहली दिन की बैठक मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में शुरू हुई, जहां ऑपरेशन सिंदूर के तहत वीर रस कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ. कवियों ने देशभक्ति, सैनिकों के साहस और बलिदान को अपनी कविताओं में उजागर किया. Share on FacebookPost on XFollow usSave